नमस्ते कोरबा :-: बसंत’ का मतलब ही होता है खुशी, उल्लास, प्रेम, जोश और खुशी। कड़कड़ाती ठंड के बाद जब लोगों की धूप से मुलाकात होती है तो इंसान का तन-मन दोनों ही प्रफुल्लित हो जाता है। ये दिन वैसे मां सरस्वती को समर्पित है, वैसे भी जब तक व्यक्ति पर सरस्वती माता की कृपा नहीं होती है, तब तक इंसान को सफलता नहीं मिलती है। मां सरस्वती बुद्धि, कला, और कौशल की देवी हैं और सफलता के शिखर तक पहुंचने के लिए आपको इनका आशीष चाहिए ही होता है।

मां सरस्वती के आशीर्वाद के लिए डॉ राजेंद्र प्रसाद नगर फेस 2 की सरस्वती महिला समिति द्वारा विगत 30 वर्षों से आराधना की जा रही है, समिति के सदस्यों ने बताया कि पूर्व में कॉलोनी में रहने वालों सदस्यों द्वारा मां की आराधना शुरू की गई थी जिसे हम लगातार निभा रहे हैं रहे हैं, कोरोना की वजह से पूजा करने में कुछ अड़चनें आई लेकिन हम फिर भी मां की आराधना करने में नहीं चुके और सोशल डिस्टेंसिंग एवं कोरोना प्रोटोकॉल के तहत पूजा अर्चना कर रहे हैं,









